
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, लखनऊ : बाबासाहेब भीमराव अम्बेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू), लखनऊ एवं भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) के अंतर्गत राष्ट्रीय मत्स्य आनुवंशिक संसाधन ब्यूरो (ICAR-NBFGR), लखनऊ के बीच 4 नवंबर को समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इसका उद्देश्य शिक्षण, अनुसंधान, विस्तार एवं सामुदायिक सेवाओं के क्षेत्र में दोनों संस्थानों के बीच आपसी सहयोग को बढ़ावा देना है। कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. राज कुमार मित्तल ने की।
इस अवसर पर डीन ऑफ एकेडमिक अफेयर्स प्रो. एस. विक्टर बाबू, ICAR-NBFGR के निदेशक डॉ. काजल चक्रवर्ती और कुलसचिव डॉ. अश्विनी कुमार सिंह प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
एमओयू के तहत दोनों संस्थान शिक्षकों एवं कर्मचारियों का आदान-प्रदान करेंगे। साथ ही स्नातक, परास्नातक विद्यार्थियों और शोधार्थियों को अध्ययन, इंटर्नशिप एवं शोध के नए अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके अतिरिक्त संयुक्त संगोष्ठियों, सम्मेलनों, प्रशिक्षण कार्यक्रमों, फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम और ऑनलाइन पाठ्यक्रमों (MOOCs) के संचालन को प्रोत्साहित किया जाएगा। दोनों संस्थान संयुक्त शोध परियोजनाओं तथा राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय शोध अनुदान प्राप्त करने की दिशा में भी मिलकर प्रयास करेंगे।
कुलपति प्रो. राज कुमार मित्तल ने कहा कि विश्वविद्यालयों और राष्ट्रीय स्तर के अनुसंधान संस्थानों के बीच सहयोग शैक्षणिक प्रगति के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस समझौते से विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों को व्यावहारिक ज्ञान, उन्नत शोध सुविधाओं और विशेषज्ञों का मार्गदर्शन मिलेगा। साथ ही अंतर्विषयक अनुसंधान और तकनीकी विशेषज्ञता के आदान-प्रदान को बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने कहा कि यह समझौता दोनों संस्थानों के बीच दीर्घकालिक संबंधों को मजबूत करने तथा शिक्षण, अनुसंधान और नवाचार के नए अवसर विकसित करने में महत्वपूर्ण साबित होगा।
कार्यक्रम में प्रो. संगीता सक्सेना, प्रो. आभा मिश्रा, प्रो. वी. एलोंगवान, डॉ. सुभाष मिश्रा, प्रो. सुभाष मिश्रा एवं डॉ. ताराचंद सहित अन्य लोग मौजूद रहे।