
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, चित्रकूट : महात्मा गांधी चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग द्वारा आयोजित हिंदी सप्ताह के अंतर्गत ‘2047 का भारत और हिंदी की भूमिका’ विषय पर एक दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का सफल आयोजन किया गया [18-09-2026]। कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. आलोक चौबे ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में सतना कॉलेज के हिंदी विभागाध्यक्ष प्रो. राजेंद्र कुमार द्विवेदी उपस्थित रहे।
अपने अध्यक्षीय संबोधन में कुलगुरु प्रो. आलोक चौबे ने कहा कि देश की एक बहुत बड़ी आबादी हिंदी बोलती और समझती है। हिंदी हमारी संस्कृति एवं परंपराओं की पोषक है। उन्होंने त्रिभाषा सूत्र के व्यावहारिक पक्षों को अपनाने और हिंदी को तकनीक तथा ज्ञान-विज्ञान के क्षेत्रों से जोड़कर वैश्विक स्तर पर उपयोगी बनाने पर बल दिया।

मुख्य अतिथि प्रो. द्विवेदी ने कहा कि युवा हिंदी को कौशल विकास और रोजगार का माध्यम बनाकर विश्व बाजार में अपनी भागीदारी बढ़ा सकते हैं। कला संकाय के अधिष्ठाता प्रो. कपिल देव मिश्रा और कुलसचिव प्रो. आञ्जनेय पांडेय ने भी विद्यार्थियों से स्वाभिमान के साथ हिंदी का अधिकाधिक प्रयोग करने का आह्वान किया। संगोष्ठी के अंत में हिंदी सप्ताह की निबंध एवं भाषण प्रतियोगिताओं के विजेता छात्रों को पुरस्कृत किया गया।
