
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, लखनऊ : बाबासाहेब भीमराव अम्बेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू) एवं उत्तर प्रदेश स्टेट एड्स कंट्रोल सोसाइटी (UPSACS) के संयुक्त तत्वावधान में ‘रेड रन उत्तर प्रदेश-2026’ मैराथन का भव्य आयोजन किया गया। युवाओं में एचआईवी/एड्स के प्रति सामाजिक चेतना जगाने के उद्देश्य से आयोजित इस राज्य-स्तरीय दौड़ का फ्लैग-ऑफ मुख्य अतिथि व कुलपति प्रो. राज कुमार मित्तल द्वारा किया गया [07-10-2026]। यह महाअभियान यूपीएसएसीएस की प्रोजेक्ट डायरेक्टर व आईएएस अधिकारी श्रीमती अमृता सोनी के कुशल विधिक दिशानिर्देशन में संपन्न हुआ।

सोनी देवी और अभिषेक वर्मा ने १० किलोमीटर दौड़ में मारी बाजी
इस निशुल्क मैराथन में सूबे के सभी 70 जिलों के विजेताओं तथा 18 मंडलों के प्रतिनिधियों ने मुस्तैदी से भाग लिया। 10 किलोमीटर महिला वर्ग में वाराणसी की सोनी देवी ने प्रथम, वाराणसी की ही लक्ष्मी ने द्वितीय व अर्चना यादव ने तृतीय स्थान पाया, जबकि बरेली की सोनी को सांत्वना पुरस्कार मिला [07-10-2026]। पुरुष वर्ग में देवरिया के अभिषेक वर्मा प्रथम, मऊ के विद्यसागर द्वितीय व वाराणसी के आयुष पाल सिंह तृतीय रहे तथा अलीगढ़ के सुनील कुमार ने सांत्वना पुरस्कार जीता। विजेताओं को क्रमशः ₹12,000, ₹10,000, ₹8,000 तथा ₹5,000 की विधिक पुरस्कार राशि व पदक प्रदान किए गए।

५ किलोमीटर रेस में बीबीएयू (BBAU) की छात्राओं का रहा दबदबा
5 किलोमीटर महिला वर्ग में विश्वविद्यालय की संजना देवी, बिनता देवी व भूमिका बंजारा ने क्रमशः शीर्ष तीन स्थान प्राप्त किए तथा प्रज्ञा को सांत्वना पुरस्कार मिला। पुरुष वर्ग में एसवीएम के रजनीश कुमार प्रथम, बीबीडी के रवि यादव द्वितीय, अतुुल सिंह तृतीय तथा स्पोर्ट्स कॉलेज के सावंत कुमार सांत्वना स्थान पर रहे।

इस गरिमापूर्ण उत्सव में विशिष्ट अतिथि के रूप में यूपीएसएसीएस के संयुक्त निदेशक डॉ. संजय सोलंकी व दिनेश प्रताप सिंह, विख्यात एथलीट अंजली चौरसिया, भुवन सिंह, हॉकी खिलाड़ी प्रवीण सिंह तथा विश्वविद्यालय के कार्यक्रम संयोजक प्रो. पवन कुमार चौरसिया मुस्तैदी से उपस्थित रहे सोसाइटी की ओर से पवन चंदेल, अतुल दीक्षित, नरेन्द्र सिंह व अजय शुक्ला तथा विश्वविद्यालय की तरफ से प्रो. धीरेन्द्र पाण्डेय, प्रो. राजश्री, डॉ. मनोज डडवाल, डॉ. रवि शंकर वर्मा, डॉ. सुदर्शन चक्रधारी, डॉ. अर्पित शैलेश, डॉ. मंगलदीप गुप्ता, डॉ. अभिषेक वर्मा व डॉ. नीतेश वर्मा सहित सैकड़ों शोधार्थी उपस्थित रहे।
