मुस्कान लौटाता ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’, 9 बच्चों का रेस्क्यू

सूर्योदय भारत समाचार सेवा, जयपुर : उत्तर-पश्चिम रेलवे में रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) द्वारा चलाया जा रहा विशेष अभियान ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’ संकटग्रस्त बच्चों के जीवन में उम्मीद और मुस्कान लौटाने का माध्यम बन रहा है। महाप्रबंधक पंकज शर्मा के मार्गदर्शन तथा आईजी-सह-प्रधान मुख्य सुरक्षा आयुक्त ज्योति कुमार सतीजा के नेतृत्व में आरपीएफ सुरक्षा के साथ मानवीय दायित्वों का भी प्रभावी निर्वहन कर रहा है।

मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अमित सुदर्शन के अनुसार, अभियान के तहत रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में मिले राह भटके, घर से बिना बताए निकले तथा संकटग्रस्त बच्चों को सुरक्षित रेस्क्यू कर उनके परिजनों से मिलाया जा रहा है। इसी क्रम में आरपीएफ टीमों ने पिछले तीन दिनों में 9 बच्चों को रेस्क्यू कर सकुशल उनके परिवारों के सुपुर्द किया।

वर्ष 2026 में अब तक कुल 414 बच्चों को आरपीएफ द्वारा रेस्क्यू किया जा चुका है। इनमें घर से भटके अथवा बिना बताए निकले बच्चों के साथ-साथ शोषण और चाइल्ड ट्रैफिकिंग के संभावित खतरे से बचाए गए बच्चे भी शामिल हैं।

आरपीएफ ने नागरिकों और रेल यात्रियों से अपील की है कि स्टेशन या ट्रेन में कोई बच्चा अकेला, डरा-सहमा या संदिग्ध व्यक्ति के साथ दिखाई दे तो तुरंत रेलवे हेल्पलाइन 139, आरपीएफ/रेलवे कर्मचारियों अथवा चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 पर सूचना दें। एक छोटी-सी सजगता किसी मासूम को सुरक्षित उसके परिवार तक पहुंचा सकती है।

Related Articles

Back to top button