
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, नई दिल्ली : सतर्कता जागरूकता सप्ताह 2026 के दूसरे दिन उत्तर रेलवे के सतर्कता विभाग की ओर से ‘सत्यनिष्ठा से समृद्धि’ (Probity for Prosperity) विषय पर विशेष गोष्ठी का आयोजन किया गया। बड़ौदा हाउस स्थित उत्तर रेलवे प्रधान कार्यालय के सम्मेलन कक्ष में आयोजित इस कार्यक्रम में सतर्कता अधिकारियों, सतर्कता निरीक्षकों और लिपिकीय कर्मचारियों ने भाग लिया।
पारदर्शिता और ईमानदारी पर जोर
गोष्ठी का मुख्य उद्देश्य कार्यप्रणाली में सत्यनिष्ठा, पारदर्शिता और जवाबदेही के महत्व पर चर्चा करना तथा सतर्कता संबंधी मामलों में व्यावहारिक अनुभवों का आदान-प्रदान करना रहा। बैठक में उपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों ने अपने कार्यक्षेत्र में ईमानदारी और नैतिक मूल्यों को प्राथमिकता देने की आवश्यकता पर विचार साझा किए।
जांच की चुनौतियों पर चर्चा
कार्यक्रम के दौरान सतर्कता निरीक्षकों ने अपने कार्यगत अनुभव साझा किए। उन्होंने सतर्कता जांच के दौरान सामने आने वाली विभिन्न चुनौतियों और उनसे निपटने के व्यावहारिक पहलुओं पर चर्चा की। इस संवाद के माध्यम से जांच प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाने और कार्यों में निष्पक्षता बनाए रखने से जुड़े विषयों पर विचार-विमर्श किया गया।
सतर्कता जागरूकता सप्ताह का उद्देश्य सरकारी कार्यप्रणाली में भ्रष्टाचार के प्रति जागरूकता बढ़ाना, नैतिक आचरण को प्रोत्साहित करना और संस्थागत जवाबदेही को मजबूत करना है। ‘सत्यनिष्ठा से समृद्धि’ का विषय भी इसी संदेश को रेखांकित करता है कि ईमानदारी और पारदर्शिता से संस्थानों में विश्वास बढ़ता है तथा कार्यप्रणाली बेहतर होती है।
मुख्य जनसंपर्क अधिकारी, उत्तर रेलवे हिमांशु शेखर उपाध्याय के अनुसार, उत्तर रेलवे द्वारा आयोजित इस गोष्ठी में अधिकारियों और कर्मचारियों की भागीदारी के माध्यम से सतर्कता संबंधी मुद्दों पर संवाद को बढ़ावा दिया गया। कार्यक्रम ने कार्यस्थल पर नैतिक मूल्यों और जिम्मेदारीपूर्ण आचरण के महत्व को रेखांकित किया।