
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, चित्रकूट : महात्मा गांधी चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय की पूर्व छात्रा एवं बीएससी में गोल्ड मेडलिस्ट डॉ. शिल्पी त्रिपाठी ने मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (एमपीपीएससी) द्वारा गृह विभाग के अंतर्गत आयोजित वैज्ञानिक अधिकारी परीक्षा में प्रदेश में प्रथम स्थान हासिल कर विश्वविद्यालय का गौरव बढ़ाया है। 7 सितंबर को घोषित परीक्षा परिणाम में डॉ. शिल्पी ने अनारक्षित वर्ग की मुख्य चयन सूची में शीर्ष स्थान प्राप्त किया और फॉरेंसिक अफसर के पद पर चयन सुनिश्चित किया।
डॉ. शिल्पी की शैक्षणिक उपलब्धियों का सिलसिला ग्रामोदय विश्वविद्यालय से ही शुरू हुआ। उन्होंने यहां से बीएससी बायो और एमएससी रसायन शास्त्र की पढ़ाई की। दोनों पाठ्यक्रमों में वह टॉपर रहीं तथा बीएससी में गोल्ड मेडल हासिल किया। इसके बाद उन्होंने इसी विश्वविद्यालय से रसायन शास्त्र में पीएचडी की उपाधि प्राप्त की। विश्वविद्यालय से शुरू हुआ उनका उत्कृष्ट शैक्षणिक सफर अब प्रदेश की प्रतिष्ठित लोक सेवा परीक्षा में प्रथम स्थान प्राप्त करने तक पहुंचा है।
उनकी सफलता को विश्वविद्यालय की शैक्षणिक गुणवत्ता, शोधपरक वातावरण और विद्यार्थियों की प्रतिभा का उल्लेखनीय उदाहरण माना जा रहा है। डॉ. शिल्पी का परिवार भी शिक्षा एवं अकादमिक क्षेत्र से जुड़ा है। उनके पिता प्रो. आई.पी. त्रिपाठी राजा शंकर शाह विश्वविद्यालय, छिंदवाड़ा में कुलगुरु हैं। उनकी बहन डॉ. चंदन त्रिपाठी आयुर्वेद चिकित्सक हैं, जबकि दूसरी बहन स्वाति शुक्ला पीएचडी उपाधि धारक हैं। छोटे भाई हेमंत त्रिपाठी पीएचडी पाठ्यक्रम में अध्ययनरत हैं। उनके पति डॉ. अतुल कुमार शुक्ला शासकीय टीआरएस महाविद्यालय, रीवा में प्राध्यापक हैं।
डॉ. शिल्पी ने पारिवारिक अकादमिक परिवेश के बीच अपनी मेहनत, लगन और निरंतर अध्ययन से अलग पहचान बनाई है। विश्वविद्यालय में उत्कृष्ट प्रदर्शन के बाद प्रतियोगी परीक्षा में प्रदेश में सर्वोच्च स्थान हासिल करना उनकी उपलब्धि को और महत्वपूर्ण बनाता है।
कुलगुरु प्रो. आलोक चौबे ने डॉ. शिल्पी की सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए इसे पूरे ग्रामोदय परिवार के लिए गौरव का विषय बताया। उन्होंने कहा कि उनकी उपलब्धि वर्तमान विद्यार्थियों के लिए प्रेरणादायी है। गोल्ड मेडल से लेकर पीएचडी और अब एमपीपीएससी वैज्ञानिक अधिकारी परीक्षा में प्रदेश में प्रथम स्थान तक की उनकी यात्रा विद्यार्थियों के लिए अनुकरणीय उदाहरण है।

