
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, नई दिल्ली : देश के शहीद पुलिसकर्मियों को सम्मानित करने और युवाओं में देशभक्ति की भावना जागृत करने के उद्देश्य से रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने चाणक्यपुरी स्थित राष्ट्रीय पुलिस स्मारक में भव्य बैंड प्रदर्शन, परेड और रिट्रीट समारोह का आयोजन किया। गृह मंत्रालय के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम में पुलिस संस्मरण दिवस की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए कर्तव्य पथ पर सर्वोच्च बलिदान देने वाले जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
समारोह में रेलवे सुरक्षा बल की महानिदेशक सोनाली मिश्रा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। कार्यक्रम की शुरुआत केंद्रीय ग्रेनाइट स्मारक पर गरिमामयी पुष्पांजलि अर्पित कर की गई। इसके बाद शहीद जवानों के परिजनों को सम्मानित किया गया।

समारोह में विभिन्न रेलवे जोनों के आठ शहीद आरपीएफ कर्मियों के बलिदान को विशेष रूप से याद किया गया। इनमें पूर्व रेलवे के इंस्पेक्टर ओम प्रकाश मीणा, हेड कांस्टेबल अरुण कुमार सिंह और कांस्टेबल धर्मेंद्र कुमार शामिल रहे। पूर्व मध्य रेलवे के हेड कांस्टेबल सिप्राज बासुकी, दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के हेड कांस्टेबल प्रेम किशोर मिश्रा और कांस्टेबल राम आसरे सरोज, पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे के कांस्टेबल अशोक कुमार लील तथा पश्चिम मध्य रेलवे के कांस्टेबल लोकेश कुमार को भी श्रद्धांजलि दी गई।

कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण आरपीएफ के 43 सदस्यीय ब्रास बैंड और 17 सदस्यीय पाइप बैंड की शानदार प्रस्तुति रही। बैंड दल ने देशभक्ति से ओतप्रोत धुनों के माध्यम से उपस्थित लोगों में राष्ट्रीय गौरव और देशप्रेम की भावना का संचार किया। इस दौरान ‘वंदे मातरम’ की भावपूर्ण प्रस्तुति ने समारोह को विशेष गरिमा प्रदान की।
इसके अतिरिक्त, आरपीएफ की विशेष टुकड़ियों ने अनुशासित और समन्वित रिट्रीट ड्रिल का प्रदर्शन किया। पारंपरिक ध्वजावतरण समारोह भी आयोजित किया गया, जिसमें जवानों के अनुशासन, समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा की झलक देखने को मिली।

समारोह का समापन एक वृत्तचित्र के प्रदर्शन के साथ हुआ। इसमें रेलवे सुरक्षा बल के विकास, उसकी बहादुरी और राष्ट्रीय सेवा में योगदान को दर्शाया गया। साथ ही, रेल यात्रियों की सुरक्षा और संवेदनशीलता के साथ जनसेवा के प्रति बल की प्रतिबद्धता को रेखांकित किया गया।

इस अवसर पर आरपीएफ के वरिष्ठ अधिकारी, जवान और शहीदों के परिजन उपस्थित रहे। समारोह ने देश की सुरक्षा और सेवा में अपने प्राण न्योछावर करने वाले पुलिसकर्मियों के साहस, त्याग और समर्पण को याद करते हुए उनके परिवारों के प्रति सम्मान व्यक्त किया।