
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, चित्रकूट : ‘माय भारत रीवा’ के तत्वावधान में आयोजित सात जिलों के राष्ट्रीय युवा स्वयंसेवकों के अभिमुखीकरण प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान एक वृहद नशा मुक्ति जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। दीनदयाल शोध संस्थान के उद्यमिता विद्यापीठ परिसर से निकाली गई इस रैली के माध्यम से युवाओं ने समाज में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति के खिलाफ एकजुट होकर नशामुक्त समाज के निर्माण का पुरजोर संदेश दिया।
अंत्योदय और एकात्म मानववाद पर हुई परिचर्चा
रैली के समापन के उपरांत पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी की जयंती के उपलक्ष्य में उनके जीवन-वृत्त, विचारों एवं राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान पर एक विशेष परिचर्चा का आयोजन किया गया। परिचर्चा में वक्ताओं ने पंडित जी के ‘एकात्म मानववाद’ और ‘अंत्योदय’ के दर्शन पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने रेखांकित किया कि देश का वास्तविक विकास तभी संभव है जब समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचे। इस अवसर पर युवा स्वयंसेवकों ने सामाजिक सेवा, राष्ट्रहित और सामाजिक कुप्रथाओं के खिलाफ निरंतर जनजागरूकता अभियान चलाने का सामूहिक संकल्प लिया।
विभागीय अधिकारी और गणमान्य जन रहे उपस्थित
इस गरिमापूर्ण और प्रेरणादायी कार्यक्रम में नेहरू युवा केंद्र के जिला युवा अधिकारी कुलदीप सिंह, उद्यमिता विद्यापीठ के संयोजक मनोज सैनी, एम.पी. द्विवेदी (ए.पी.एस.) सहित भारी संख्या में प्रशिक्षणार्थी राष्ट्रीय युवा स्वयंसेवक एवं स्थानीय गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। इस पूरी कवायद का मुख्य उद्देश्य युवाओं में सामाजिक जागरूकता, राष्ट्रसेवा के प्रति समर्पण और एक स्वस्थ, व्यसनमुक्त समाज के निर्माण के प्रति उत्तरदायित्व की भावना को सुदृढ़ करना रहा।