
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, लखनऊ : नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने अपने आवास पर जनसुनवाई कर विभिन्न जनपदों से आए फरियादियों की समस्याओं को गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ सुना। उन्होंने प्रत्येक शिकायत पर संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मंत्री शर्मा ने कहा कि प्रदेश सरकार आम नागरिकों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही या उदासीनता स्वीकार्य नहीं है।
जनसुनवाई के दौरान नगर विकास एवं ऊर्जा विभाग से संबंधित विभिन्न समस्याएं सामने आईं। इनमें नालों की सफाई, पेयजल आपूर्ति, अतिक्रमण, आवास, नए विद्युत कनेक्शन, विद्युत बिल संशोधन तथा ट्रांसफार्मर की क्षमता वृद्धि जैसे विषय प्रमुख रहे। मंत्री श्री शर्मा ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी प्रकरणों का प्राथमिकता के आधार पर नियमानुसार एवं निर्धारित समयसीमा में निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि आमजन को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
जनपद उन्नाव से आए सुधीर कुमार द्विवेदी ने शिकायत की कि उरुवा के अधिशासी द्वारा विद्युत बिल संशोधन के एवज में अनुचित रूप से धन की मांग की गई। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए मंत्री शर्मा ने तत्काल डायरेक्टर जीडी द्विवेदी को मामले की जांच कर दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि भ्रष्टाचार और उपभोक्ताओं के उत्पीड़न के मामलों में किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा। मंत्री शर्मा ने कहा कि जनसुनवाई केवल शिकायत सुनने का माध्यम नहीं, बल्कि शासन और जनता के बीच विश्वास का सशक्त सेतु है। प्रत्येक नागरिक की समस्या का समाधान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और अधिकारियों की जवाबदेही तय करते हुए जनहित के कार्यों में किसी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी।
जनसुनवाई के दौरान डायरेक्टर ट्रांसमिशन हरजीत सिंह, रजनीश रस्तोगी तथा जान मथाई सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।