
सूर्योदय भारत समाचार सेवा : आईआरसीटीसी की वेबसाइट के नए लुक और अनुभव को आजमाने और इसके फीचर्स पर फीडबैक देने के लिए उसकी नई वेबसाइट का बीटा वर्जन बुधवार रात 9 बजे लॉन्च हुआ है। इसे लिंक पर जाकर देखा जा सकता है। बीटा वर्जन का लिंक मौजूदा वेबसाइट के होमपेज पर भी दिया गया है।
ये सुधार मालवीय नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (एमएनआईटी) के छात्रों ने रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव के साथ बातचीत के दौरान सुझाए थे।
आईआरसीटीसी वेबसाइट पहली बार 2002 में लॉन्च की गई थी और अभी यह हर दिन औसतन लगभग 14.5 लाख टिकटों का काम संभालती है। नई वेबसाइट का यूजर इंटरफेस साफ-सुथरा है और यूजर अनुभव आसान बनाया गया है।
आईआरसीटीसी ने बीटा वर्जन में चार बड़े सुधार किए हैं:
1. कैप्चा: कोई अनावश्यक कैप्चा नहीं। कोई अनावश्यक पॉप-अप नहीं। कोई चमकते ग्राफिक्स नहीं। ध्यान भटकाने वाली कोई चीज नहीं।
2. सीट की उपलब्धता: सभी क्लास में दिखाई देती है।
3. तेज चेकआउट: बुकिंग के लिए ज़रूरी स्टेप्स की संख्या कम की गई है।
4. आसान रिपीट बुकिंग: यात्री की जानकारी सेव रहती है।
डिजाइन की प्रक्रिया में छात्रों को भी शामिल किया गया था, जिन्होंने वेबसाइट के लुक और फील को बेहतर बनाने के लिए सुझाव दिए। प्राप्त फीडबैक के आधार पर, नई वेबसाइट ट्रायल के लिए तैयार है।
बीटा वर्जन से और सुधारों के लिए यूजर फ़ीडबैक मिल सकेगा, जिसे कस्टमर की संतुष्टि बढ़ाने के लिए भविष्य के वर्जन में शामिल किया जाएगा। बहुत जल्द, आईआरसीटीसी वेबसाइट को आने वाले नए पैसेंजर रिजर्वेशन इंजन के साथ भी जोड़ा जाएगा। चूंकि पैसेंजर रिजर्वेशन इंजन को भी साथ-साथ अपग्रेड किया जा रहा है, इसलिए पूरी तरह से काम करने वाला नया आईआरसीटीसी पोर्टल कुछ हफ्तों में उपलब्ध हो जाएगा।
इसके साथ ही, आईआरसीटीसी कई ट्रेन बुकिंग ऐप्स को चलाने वाले दशकों पुराने ‘पैसेंजर रिजर्वेशन इंजन’ को अपग्रेड कर रहा है। इसके लिए बहुत ज्यादा काम करना पड़ा क्योंकि अपग्रेडेशन के दौरान भी सिस्टम को चालू रखना जरूरी था। नया ‘पैसेंजर रिजर्वेशन इंजन’ जल्द ही लॉन्च किया जाएगा।

हम अपने यूजर्स से नए डिजाइन पर अपने कीमती सुझाव और फीडबैक देने का अनुरोध करते हैं, जिससे हमें आईआरसीटीसी वेबसाइट को और बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।