
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, लखनऊ : बाबासाहेब भीमराव अम्बेडकर विश्वविद्यालय में शुक्रवार 31 अक्टूबर एवं 1 नवंबर को द्विदिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी एवं स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया जायेगा। कार्यक्रम विश्वविद्यालय के योग विभाग, खाद्य एवं पोषण विभाग एवं केंद्रीय योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा अनुसंधान परिषद (CCRYN), आयुष मंत्रालय, नई दिल्ली के संयुक्त तत्वावधान में ‘8वें राष्ट्रीय प्राकृतिक चिकित्सा दिवस’ को ध्यान में रखकर आयोजित किया जायेगा। कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. राज कुमार मित्तल द्वारा की जायेगी। मुख्य अतिथि के तौर पर रंजन कुमार, आईएएस, प्रमुख सचिव, आयुष मंत्रालय, उत्तर प्रदेश सरकार उपस्थित रहेंगे। इसके अतिरिक्त विशिष्ट अतिथि के तौर पर डॉ. हर्षवर्धन, निदेशक, CCRYN एवं मेडिकल सुपरिटेंडेंट, एसजीपीजीआई, तथा डॉ. नवीन के.वी., अध्यक्ष, इंडियन नेचुरोपैथी एंड योगा ग्रेजुएट्स मेडिकल एसोसिएशन उपस्थित रहेंगे।
पहले दिन ‘योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा द्वारा कोरोनरी जोखिम कारकों के साक्ष्य-आधारित प्रतिवर्तन (Evidence Based Reversal of Coronary Risk Factors through Yoga and Naturopathic Medicine) विषय पर एक दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी (हाइब्रिड मोड) का आयोजन किया जायेगा। जिसमें मोटापा, उच्च रक्तचाप, मधुमेह, कोरोनरी धमनी रोग एवं डिसलिपिडेमिया जैसी गैर-संचारी बीमारियों की रोकथाम एवं प्रतिवर्तन पर चर्चा की जाएगी, योग, प्राकृतिक चिकित्सा और प्राकृतिक खाना पकाने की विधियों के वैज्ञानिक पहलुओं जैसे विषयों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
दूसरे दिन विश्वविद्यालय स्वास्थ्य केंद्र, बीबीएयू में योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा परामर्श एवं स्वास्थ्य जागरूकता शिविर का आयोजन किया जाएगा। इस शिविर में बीबीएयू के विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं कर्मचारियों को नि:शुल्क स्वास्थ्य परामर्श, बॉटैनिकल/फंक्शनल मेडिसिन, योग आधारित थेरेपी गाइडेंस, नेचुरोपैथिक डाइट एवं जीवनशैली परामर्श तथा फिजियोथेरेपी सेवाएँ प्रदान की जाएँगी।
राष्ट्रीय प्राकृतिक चिकित्सा दिवस 2025 के आयोजन सचिव डॉ. नवीन जी. एच. ने विश्वविद्यालय परिवार एवं जनसामान्य से इस अवसर पर सहभागिता कर स्वास्थ्य-सशक्त भारत के संकल्प को आगे बढ़ाने का आह्वान किया है।