
लखनऊ, 20 मार्च। कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए उत्तर प्रदेश कांग्रेस ने अपने सभी राजनीतिक कार्यक्रमों पर एक सप्ताह के लिए विराम लगा दिया है। शुक्रवार को प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने एक प्रेस नोट जारी कर इस बात की जानकारी दी।
लल्लू ने कहा कि कांग्रेस इस महामारी से लोगों का बचाव करने और इसे रोकने में अपना योगदान देगी। अगले 7 दिनों तक किसी तरह का आयोजन नहीं होगा। अजय कुमार लल्लू ने बताया कि कांग्रेस के विभिन्न संगठन जनता की मदद के लिए उनके बीच मौजूद हैं।
कांग्रेस का चिकित्सा प्रकोष्ठ, कांग्रेस सेवादल विभिन्न जनपदों में लोगों को जागरूक कर रहे हैं। भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों जैसे रेलवे स्टेशनों, बस अड्डों एवं बड़ी बाजारों में सेनेटाइजर, मास्क, हैण्ड वाश आदि की वस्तुएं बांट रहे हैं।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा, इस महामारी से बचाव एवं रोकथाम के लिए सभी कार्यकर्ता अपने-अपने जिले में युद्ध स्तर पर जुटें।
कांग्रेस ने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा, इस बीमारी से निपटने के लिए लखनऊ सहित प्रदेश के अन्य जनपदों में पर्याप्त स्वास्थ्य तैयारियां नहीं की गई हैं।
संदिग्ध मरीजों को संक्रमण की जांच के लिए अस्पतालों में दौड़ना पड़ रहा है। जिससे उनकी तबियत और बिगड़ रही है तथा इस बीमारी के फैलने की संभावनाएं बढ़ रही हैं।
अजय कुमार लल्लू ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से पूछा है कि कोरोना वायरस से निपटने के लिए राजधानी लखनऊ सहित प्रदेश के कितने जनपदों में और कितने सरकारी अस्पतालों में कितने-कितने आईसीयू, आइसोलेशन वार्ड, वेंटिलेटर वार्डों का गठन किया गया है?
उन्होने मांग की है कि प्रदेश सरकार तुरन्त कोरोना वायरस से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए प्रदेश के सभी जनपदों के सरकारी अस्पतालों में इसकी जांच एवं समुचित इलाज की व्यवस्था सुनिश्चित करे। साथ ही प्रदेश में सेनेटाइजर, मास्क, हैण्डवाश आदि निःशुल्क वितरित किया जाए।
लल्लू ने कहा, प्रदेश सरकार के मंत्री और अधिकारीगण जनता को सुझाव और सलाह तो खूब दे रहे हैं लेकिन खुद इस पर अमल नहीं करते। खुद स्वास्थ्य मंत्री और अधिकारीगण बड़ी-बड़ी पार्टियों में शामिल होते हैं और जनता को गुमराह कर रहे हैं।
एक संक्रमित महिला के इस पार्टी में शामिल होने के कारण पूरी राजधानी के लिए एक खतरा पैदा हो गया है।


