प्रतिष्ठित भारतेन्दु नाट्य अकादमी से निकलने वाले छात्र देश व प्रदेश का नाम विदेशों में भी रोशन करेंगे : जयवीर

अनुपूरक न्यूज़ एजेंसी, लखनऊ : उत्तर प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने शुक्रवार गोमती नगर स्थित भारतेन्दु नाट्य अकादमी भवन का विधिवत निरीक्षण और मुख्यमंत्री द्वारा किए जाने वाले लोकार्पण कार्यक्रम की तैयारियों की जानकारी ली। संस्कृति विभाग उ0प्र0 द्वारा इस जीर्ण-शीर्ण भवन का सौंदर्यीकरण एवं नवीनीकरण कराया गया है। आगामी 05 अप्रैल, 2026 को प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इसका लोकार्पण करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि यह संस्कृति विभाग के अधीन एक प्रतिष्ठित नाट्य प्रशिक्षण संस्थान है। इसकी स्थापना 1975 में हुई थी। अकादमी में अभिनय, रंगमंच और इससे संबंधित विभिन्न कलाओं में दो वर्षीय डिप्लोमा कोर्स चलाया जाता है। उन्होंने कहा कि यहां से निकलने वाले छात्र भारतीय संस्कृति एवं नाटक की विभिन्न विधाओं का देश-विदेश में प्रदर्शन कर अपना तथा उ0प्र0 का नाम रोशन कर रहे है। उन्होंने अकादमी के प्रबंधकों से कहा कि इस भवन का उपयोग नवोदित प्रतिभाओं को निखारने में किया जाना चाहिए।

पर्यटन मंत्री ने अकादमी के पूरेे परिसर में कराए गए जीर्णाेद्वार कार्यों के निरीक्षण के उपरांत जनसमुदाय को संबोंधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सभी कार्य मानक तथा गुणवत्ता के अनुरूप पूरे किए जाने चाहिए। साथ ही साफ-सफाई पर विशेष ध्यान एवं नाट्य विधा में प्रयोग होने वाले सभी उपकरणों का रख-रखाव और बेहतर किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार मा0 योगी आदित्यनाथ जी की अपेक्षाओं के अनुरूप कला, संस्कृति, गीत-संगीत, नाट्य को बढ़ावा देने के साथ ही कलाकारों का भी सम्मान कर रही है। उन्होंने कहा कि भारत को विश्व गुरू कहा जाता था लेकिन आजादी के बाद की सरकारों ने धर्मनिरपेक्षता के नाम पर तुष्टिकरण को बढ़ावा दिया परंतु आज केन्द्र में मा0 मोदी एवं प्रदेश में श्रद्वेय योगी जी की सरकार सनातनी संस्कृति को आगे बढ़ा रही है। उन्होंने बताया कि देश के इस प्रतिष्ठित संस्थान में मौजूदा समय में 09 राज्यों के छात्र-छात्राएं प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे है।

पर्यटन मंत्री ने कहा कि यहां से प्रशिक्षण के बाद निकलने वाले छात्र देश व प्रदेश तथा लखनऊ का नाम रोशन करेंगे। उन्होंने कहा कि सौभाग्य से आज हिन्दी रंग-मंच दिवस भी है। यह दिवस आधुनिक रंगमंच के जनक कहे वाले भारतेन्दु हरिशचन्द के नाम पर मनाया जाता है। उन्होनंे प्रशिक्षणरत छात्रों का आवाह्न किया कि यहां से नाटक की बारीकियां और इससे जुड़ी विधाएं उनके लिए एक पूंजी है। इस संस्थान को लोकप्रिय और बेहतर से बेहतर बनाने के लिए प्रदेश सरकार संकल्पित है। उन्होंने कहा कि अकादमी के अध्यक्ष डॉ0 रिति शंकर त्रिपाठी द्वारा रखी गयी मांगों पर सकारात्मक विचार किया जाएगा। इस अवसर पर अकादमी के अध्यक्ष डॉ0 रिति शंकर त्रिपाठी ने भी संबोधित किया। संस्थान के निदेशक विपिन कुमार ने अपने विचार रखते हुए कहा कि इस संस्थान को प्रशिक्षण का उत्कृष्ठ संस्थान बनाने के लिए नालंदा सहित कई संस्थाओं से समझौता ज्ञापन किया गया है।

इस मौके पर विशेष सचिव संस्कृति संजय कुमार सिंह, संस्कृति विभाग के अन्य अधिकारी तथा बड़ी संख्या में संस्थान के छात्र-छात्राएं मौजूद थे।

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