
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, चित्रकूट : कौशल्या नंदन श्रीराम को मर्यादा पुरुषोत्तम बनाने वाली उनकी तपोभूमि चित्रकूट उनके अवतरण दिवस पर लाखों दीपों के प्रकाश से जगमगाई। पौराणिक- धार्मिक महात्म्य को अपने आंचल में समेटे रहने वाली धर्मनगरी की छटा दीपों के प्रकाश के बीच अलौकिक नजर आई। गौरव दिवस के अवसर पर संत महात्माओं तथा समाज के सहयोग से पूरे चित्रकूट परिक्षेत्र उत्तर प्रदेश एवं मध्यप्रदेश के प्रमुख स्थानों पर एवं प्रमुख संस्थानों, होटल प्रतिष्ठानों, मंदिरों, व्यापारियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं सहित दीप प्रज्ज्वलन में सहभागी सभी लोगों की लक्ष्य बार सूची और निर्धारित स्थान चिन्हित किये गए थे, ताकि कोई भी प्रमुख स्थान बगैर दीप प्रज्ज्वलित के ना रहे।

घाटों पर झिलमिलाते दीपक और मंदाकिनी के जल पर दिखाई पड़ रही उनकी प्रतिकृति देख कर दृश्य ऐसा अद्भुत लगा मानो लाखों तारे मंदाकिनी के जल पर उतर आए हों। रंग बिरंगी लाइट तथा दीप ज्योति से यह मनोरम साज सज्जा श्रीराम नवमी पर मनाए जाने वाले चित्रकूट गौरव दिवस के उपलक्ष्य में की गई थी। चित्रकूट नगर परिषद, नगर पालिका और स्थानीय संस्थाओं, मठ मंदिरों तथा आम जन सहयोग से किए गए चित्रकूट नगर गौरव दिवस के आयोजन में चित्रकूट के मठ- मन्दिर, घाट, सड़कों और गली – चौबारों को सजाया गया था।

विश्व प्रसिद्ध तीर्थक्षेत्र चित्रकूट में इस बार रामनवमी महोत्सव का भव्य आयोजन श्रद्धालुओं को गदगद कर गया, हालांकि रामनवमी महोत्सव पिछले कई वर्षों से धर्मनगरी में मनाया जा रहा है
लेकिन इस बार शासन के प्रयासों और संत समाज एवं क्षेत्र के समाजसेवियों के साथ मिलकर श्रद्धालुओं ने इसको ऐतिहासिक रूप दे दिया।
धर्म नगरी में जन सहभागिता से इस तरह का यह पांचवा आयोजन था, जिसमेें समाज की पहल पर सरकार की भी सहभागिता रही, और दोनों राज्यों का प्रशासन पूरी मुस्तैदी से जुटा रहा।
हर खास और आम चित्रकूट गौरव दिवस के उपलक्ष्य में भगवान श्रीराम के नाम दीप प्रज्ज्वलित करने को उत्साहित नजर आ रहा था। कोई दीपों को सजा कर राम नाम लिख रहा था तो कोई किसी तस्वीर को आकार दे रहा था। किसी ने दीप सजाने की जिम्मेदारी ले रखी थी तो कोई दिओ में बाती और तेल का इंतजाम कर रहा था।

धर्म नगरी के बस्ती के निवासियों ने भी अपने अपने घरों में दिए जलाए। जिसमें एमपी क्षेत्र में दीनदयाल शोध संस्थान के राष्ट्रीय संगठन सचिव अभय महाजन के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने दीप जलाए। बता दें कि श्रीराम नवमी पर चित्रकूट नगर गौरव दिवस मनाए जाने की शुरुआत पूर्व मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने चार वर्ष पूर्व कराई थी। पहली बार आयोजित हुए कार्यक्रम में वे स्वयं सपत्नीक शामिल हुए थे।
दीनदयाल शोध संस्थान को 1 लाख 21 हजार दीप प्रज्वलन का लक्ष्य था।डीआरआई के द्वारा सुरेन्द्रपाल ग्रामोदय विद्यालय गेट व राम दर्शन से लेकर उद्यमिता विद्यापीठ, आरोग्य धाम गेट तक तथा पंचवटी घाट, आरोग्य धाम परिसर, सियाराम कुटीर सहित रामनाथ गोयनका घाट, रामनाथ आश्रमशाला परिसर, बाल्मीकि परिसर मझगवां, तुलसी परिसर गनीवां पर 1 लाख 21 हजार से अधिक दीप प्रज्ज्वलित किये गए, जिसके लिए संस्थान के लगभग 500 कार्यकर्ता अपने पूरे परिवार सहित चिन्हित स्थानों पर शाम 5 बजे से ही तैयारी में जुट गए थे। पूर्व निर्धारित समयानुसार सांय 7 बजे से दीप प्रज्वलित होना शुरू हो गये।