
अनुपूरक न्यूज़ एजेंसी, लखनऊ : अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग ने महिलाओं के सम्मान में एक खास पहल की। उत्तर प्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम (यूपीएसटीडीसी) द्वारा संचालित ‘लखनऊ दर्शन’ डबल डेकर इलेक्ट्रिक बस में महिलाओं के लिए विशेष सैर का आयोजन किया गया। इस विशेष यात्रा में 60 से अधिक महिलाओं ने हिस्सा लिया। डॉक्टर, उद्यमी, प्राचार्य, सामाजिक कार्यकर्ता, इंजीनियर से लेकर गृहणियों तक, समाज के अलग-अलग क्षेत्रों से जुड़ी महिलाएं इस खास सफर का हिस्सा बनीं। ‘नारी शक्ति’ ने रोजमर्रा की व्यस्त जिंदगी से इतर लखनऊ को एक नए अंदाज में देखा।

उत्तर प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने बताया कि ‘यूपीएसटीडीसी की ‘लखनऊ दर्शन’ बस सेवा अब सिर्फ पर्यटन तक सीमित नहीं रह गई है। यह धीरे-धीरे ऐसा मंच बनती जा रही है जहां पर्यटन के साथ समाज जुड़ रहा है। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर यह पहल आधी आबादी को ‘शक्ति, स्वास्थ्य और सशक्तिकरण’ का संदेश देती है।’

यात्रा के दौरान सुनी ऊदा देवी की वीरगाथा
अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर लखनऊ में महिलाओं के लिए आयोजित ‘लखनऊ दर्शन’ यात्रा यादगार बन गई। रविवार सुबह 08:30 बजे बस रवाना हुई, जो दोपहर 12 बजे भ्रमण के पश्चात गंतव्य पर लौट आई। विधानसभा जाना और मुख्य सदन को देखना उनके लिए अविस्मरणीय रहा। रेजीडेंसी यात्रा के दौरान गाइड ने यात्रियों को 1857 के प्रथम भारतीय स्वतंत्रता संग्राम की महान योद्धा ऊदा देवी के वीरता की कहानी सुनाई। उन्होंने किस तरह अंतिम सांस तक अंग्रेजी सैनिकों से लोहा लिया।
डॉक्टर-मरीज बने ‘परिवार’
विशेष भ्रमण का हिस्सा रहीं डॉ. अनन्या शर्मा ने कहा कि ‘डॉक्टर होने के नाते उनका अधिकांश समय अस्पताल की जिम्मेदारियों में बीत जाता है। उन्होंने कहा कि इस दौरान उन्हें मरीजों के साथ डॉक्टर की भूमिका से हटकर परिवार की तरह समय बिताने का भी मौका मिला।’ इस यात्रा में शामिल मरीज कविता सिंह ने कहा कि ‘लंबे समय तक अस्पताल की चारदीवारी के भीतर रहना कई बार अकेलापन महसूस कराता है, लेकिन आज ‘लखनऊ दर्शन’ बस के जरिए अपने ही शहर को देखने का विशिष्ट अनुभव मिला। इस यात्रा ने उन्हें नई उम्मीद दी।’