
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, लखनऊ : बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय (BBAU), लखनऊ ने QS एशियन यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2026 में 801–850 बैंड में स्थान प्राप्त किया है तथा दक्षिण एशिया क्षेत्र में 254वीं रैंक हासिल की है। यह उपलब्धि विश्वविद्यालय की बढ़ती शैक्षणिक उपस्थिति को दर्शाती है और भविष्य की दिशा को भी रेखांकित करती है। QS रैंकिंग संस्थानों का मूल्यांकन शैक्षणिक प्रतिष्ठा, नियोक्ता धारणा, शोध उत्पादन, संकाय क्षमता तथा अंतरराष्ट्रीय सहभागिता जैसे मानकों के आधार पर करती है। बीबीएयू ने शोध उत्पादकता और उद्धरण (साइटेशन) के क्षेत्र में मजबूत प्रदर्शन किया है, जो निरंतर सुदृढ़ होती शोध संस्कृति का संकेत है। साथ ही, यह रैंकिंग वैश्विक सहयोग, शैक्षणिक दृश्यता तथा छात्र विनिमय कार्यक्रमों को और सशक्त बनाने की आवश्यकता को भी रेखांकित करती है।

इस उपलब्धि पर विश्वविद्यालय कुलपति प्रो. राज कुमार मित्तल ने भविष्य के प्रति सकारात्मक दृष्टि साझा करते हुए कहा कि यह रैंकिंग हमारी प्रगति का प्रतिबिंब होने के साथ-साथ भविष्य के लिए प्रेरणा भी है। हम अपने शैक्षणिक पारिस्थितिकी तंत्र को सुदृढ़ करने, वैश्विक सहभागिता बढ़ाने तथा गुणवत्ता में निरंतर सुधार के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने विश्वविद्यालय के हित में उत्कृष्ट योगदान देने के लिए विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं गैर-शिक्षण कर्मचारियों को भी बधाई दी। उन्होंने बीबीएयू परिवार को ‘Together We can, Together We will’ का संदेश देते हुए कहा कि विश्वविद्यालय विकसित भारत के निर्माण की दिशा में अग्रसर है तथा इस दिशा में संवेदनशील और जिम्मेदार नागरिक तैयार कर रहा है।

आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ (IQAC) की निदेशक प्रो. शिल्पी वर्मा ने कहा कि इस यात्रा में आईक्यूएसी गुणवत्ता मानकों और व्यवस्थित सुधारों पर ध्यान केंद्रित करते हुए महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। प्रो. वर्मा ने बताया कि हमारा ध्यान गुणवत्ता की संस्कृति विकसित करने पर है क्योंकि जब व्यवस्थाएँ बेहतर होती हैं, तो परिणाम स्वाभाविक रूप से बेहतर होते हैं।
बीबीएयू के लिए यह रैंकिंग केवल एक उपलब्धि नहीं, बल्कि यह निरंतर विकास की याद दिलाने वाला अवसर भी है। केंद्रित प्रयासों और सामूहिक प्रतिबद्धता के साथ विश्वविद्यालय उच्च शैक्षणिक उत्कृष्टता की ओर निरंतर अग्रसर है।